अजय शास्त्री (वरिष्ठ पत्रकार)
बीसीआर न्यूज़/नई दिल्ली: राजधानी दिल्ली में दिल्ली विकास प्राधिकरण ने राजधानी में सरकारी ज़मीन पर अवैध कब्ज़े और अतिक्रमण के खिलाफ एक बड़ी चेतावनी जारी की है। प्राधिकरण ने साफ़ कर दिया है कि DDA की ज़मीन पर किसी भी तरह का अवैध निर्माण या इस्तेमाल कानून का सीधा उल्लंघन है।
डीडीए ने जारी किया नोटिस
डीडीए द्वारा जारी नोटिस के अनुसार ऐसे निर्माणों को अब बिना किसी पूर्व सूचना (नोटिस) के तुरंत तोड़ दिया जाएगा। खास बात यह है कि इस तोड़-फोड़ में आने वाला पूरा खर्च भी अतिक्रमण करने वाले व्यक्ति से ही वसूला जाएगा और ज़रूरत पड़ने पर उनके खिलाफ FIR भी दर्ज कराई जाएगी।
DDA ने लोगों से की अपील
DDA ने आम जनता से भी इस मुहिम में शामिल होने की अपील की है। प्राधिकरण ने सचेत किया है कि लोग किसी भी प्रॉपर्टी को खरीदने या उसका लेन-देन करने से पहले उसका कानूनी स्टेटस जरूर जांच लें, ताकि वे धोखाधड़ी का शिकार न हों। इसके साथ ही, नागरिकों से कहा गया है कि वे अपने आस-पास हो रहे किसी भी अवैध कब्जे की जानकारी सीधे DDA ऑफिस में या फिर ‘DDA-311’ मोबाइल ऐप के जरिए प्रशासन तक पहुंचाए।
दिल्ली में सर्व कर रही टीमें
इस पूरे अभियान को आधुनिक और पारदर्शी बनाने के लिए सरकार बड़े पैमाने पर टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल कर रही है। जमीनों और इमारतों की ‘रियल-टाइम मॉनिटरिंग’ की जा रही है ताकि कहीं भी अवैध निर्माण शुरू होते ही उसका पता लगाया जा सके। इसके अलावा, लैंड पूलिंग एरिया में अवैध निर्माणों को रोकने के लिए फ्लाइंग स्क्वाड और क्विक रिस्पॉन्स टीमों को मैदान में उतारा गया है, जबकि विशेष टीमें फील्ड सर्वे कर रही हैं।
