दिल्ली के 28 प्रमुख इलाकों में पाइपलाइन मरम्मत के कारण 2 दिनों तक पानी की सप्लाई बंद रहेगी. जल बोर्ड ने नागरिकों को पानी स्टोर करने और सावधानी से इस्तेमाल करने की सलाह दी है.
अजय शास्त्री (संपादक व प्रकाशक)
बीसीआर न्यूज़/नई दिल्ली: देश की राजधानी दिल्ली के निवासियों के लिए एक जरूरी सूचना है. दरअसल, दिल्ली जल बोर्ड ने घोषणा की है कि शहर के कई हिस्सों में अगले दो दिनों तक पानी की किल्लत बनी रहेगी. यह कटौती बुनियादी ढांचे के रखरखाव और नई पाइपलाइनों को जोड़ने के कार्य के कारण की जा रही है.

दिल्ली जल बोर्ड के अनुसार, सोनिया विहार वाटर ट्रीटमेंट प्लांट और हैदरपुर प्लांट से जुड़ी मुख्य पाइपलाइनों में मरम्मत का काम किया जाना है. इस दौरान कई क्षेत्रों में ‘इंटरकनेक्शन’ का कार्य भी होगा, जिसके कारण पंपिंग स्टेशन कुछ घंटों के लिए बंद रहेंगे.
कौन-कौन से इलाके होंगे प्रभावित?
जल संकट का सामना मुख्य रूप से उत्तर, उत्तर-पश्चिम और पश्चिम दिल्ली के 28 इलाकों को करना होगा. प्रभावित होने वाले प्रमुख क्षेत्रों में शामिल हैं-
- पीतमपुरा
- शालीमार बाग़
- लारेन्स रोड
- सरसवती विहार
- सैनिक विहार
- मगोलपुरी
- पीरागढ़ी
- बुद्धविहार
- सुल्तानपुरी
- अवंतिका
- राजा गार्डन
- राजौरी
- गार्डन
- सुभाष नगर
- हरी ननगर
- वेस्ट जोन
- कीर्ति नगर
- मायापुरी
- इंद्रलोक
- टोडापुर
- सेक्टर-23 रोहिणी
- सेक्टर-29 रोहिणी
- किराड़ी
- पश्चिम विहार
- मुंडका
- हिरण कुडना
- कमरुद्दीन नगर
- निहाल विहार
- रणहौला गांव
- बक्करवाला
- नांगलोई जेजेसी
- आर ब्लॉक ज्वालापुरी
- राजधानी पार्क
- फ्रेंड्स एन्क्लेव
- कविता कॉलोनी
- मोहन गार्डन ग्रुप ऑफ कॉलोनियां
- मछली मार्केट बूस्टर कमांड एरिया
- विकास नगर ग्रुप ऑफ कॉलोनियां
- उत्तम नगर ग्रुप ऑफ कॉलोनियां
- मटियाला
- बदुसराय
- उजवा
- दौलतपुर
- हस्तसाल
- दिचाऊं कला
- झरोदा गांव
- मितराऊं गांव
- गोपाल नगर
- सैनिक एन्क्लेव और सटी कॉलोनियां
- चावला गांव
कब तक रहेगा संकट?
यह कटौती 21 जनवरी सुबह से शुरू होकर 22 जनवरी की शाम तक जारी रहने की संभावना है. काम पूरा होने के बाद भी, पाइपलाइनों में दबाव सामान्य होने में कुछ अतिरिक्त समय लग सकता है, जिससे ऊंचे तल पर रहने वाले लोगों को पानी मिलने में देरी हो सकती है.
जल बोर्ड की सलाह
दिल्ली जल बोर्ड ने लोगों से अपील की है कि वे इस संकट से बचने के लिए पहले से ही पर्याप्त पानी स्टोर कर लें. पीने और दैनिक कार्यों के लिए पानियां बचाकर रखें. पानी का उपयोग केवल जरूरी कामों के लिए करें और गाड़ियों की धुलाई जैसे कामों से बचें. आपातकालीन स्थिति में पानी के टैंकर मंगाने के लिए लोग संबंधित क्षेत्रीय कार्यालयों या जल बोर्ड के केंद्रीय हेल्पलाइन नंबर पर संपर्क कर सकते हैं.
