अजय शास्त्री (वरिष्ठ पत्रकार)
बीसीआर न्यूज़/नई दिल्ली: दिल्ली सरकार ने शनिवार से बुजुर्ग पेंशनर्स का डोर टु डोर सर्वे शुरू कर दिया है। सर्वे के दौरान अगर कोई बुजुर्ग अपने पते पर तीन बार विजिट के दौरान नहीं मिलता है तो उसकी पेंशन रद्द भी की जा सकती है। पेंशनर्स की उनके बताए पते के साथ जियो टैगिंग भी की जाएगी, जिससे यह सुनिश्चित होगा कि पेंशन स्कीम का फायदा ले रहे बुजुर्ग दिल्ली के बताए गए पते पर ही रहते हैं।
वास्तविक पेंशनर्स का पता लगाना मकसद
समाज कल्याण विभाग वर्तमान में 4.70 लाख से अधिक बुजुर्गों को पेंशन दे रहा है। समाज कल्याण विभाग के मंत्री रविंद्र इंद्राज ने बताया कि सर्वे को तीन महीने में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। इसका मकसद वास्तविक पेंशनर्स का पता लगाना है। गलत तरीके से पेंशन ले रहे लोगों का नाम हटाना है, जिससे कतार में खड़े दूसरे लोगों को इसका फायदा मिल सके। पूरे सर्वे का डेटा डिजिटली रिकॉर्ड किया जाएगा।
- 70 साल या उससे अधिक उम्र वालों को 2500 रुपये
- 11,653 से अधिक लाभार्थी हैं नजफगढ़ एरिया में
- 1164 से अधिक लाभार्थी नई दिल्ली इलाके में हैं
- पड़ताल बुजुर्ग पेंशनर्स का डोर टु डोर सर्वे शुरू
- 60-69 साल वालों को हर माह 2000 रुपये
- जियो टैगिंग भी करेगी दिल्ली सरकार
- 4.70 लाख बुजुर्ग ले रहे हैं पेंशन
- दो कैटिगरी में मिलती है पेंशन
