अजय शास्त्री (वरिष्ठ पत्रकार)
बीसीआर न्यूज़/नई दिल्ली: दिल्ली में रणजीत नगर पुलिस ने साइंटिफिक इन्वेस्टिगेशन और कड़े तकनीकी सर्विलांस की मदद से जहरखुरानी और लूटपाट के एक पेचीदा ‘ब्लाइंड’ मामले को सुलझाते हुए दो शातिर आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने वारदात में इस्तेमाल ऑटो-रिक्शा, चोरी के मोबाइल फोन, नकदी और अन्य सामान बरामद कर लिया है।
डीसीपी सेंट्रल रोहित राजबीर सिंह ने बताया कि यह घटना 27 जून की है, जब नारायण रोड स्थित जानकी दास बस स्टैंड पर इंतजार कर रहे एक यात्री को झांसा देकर आरोपियों ने ऑटो शेयर करने के लिए राजी किया। रास्ते में उनके एक अन्य साथी ने यात्री को नशीली टैबलेट मिली कोल्ड ड्रिंक पिला दी। यात्री के बेहोश होते ही आरोपी उसक फोन, करीब 15 हजार कैश और बैग लूटकर उसे सुनसान जगह फेंक कर फरार हो गए। मामले की जांच के लिए एक टीम बनाई गई।
अब आपको बताते है कि कैसे पकड़े गए आरोपी, टीम ने लगातार तीन दिनों तक जानकी दास बस स्टैंड, शादीपुर फ्लाईओवर, मोती नगर और कीर्ति नगर सहित कई इलाकों के सीसीटीवी फुटेज खंगाले। कड़ी मशक्कत के बाद वारदात में इस्तेमाल ऑटो की पहचान हुई, जिसके बाद पुलिस ने ऑटो चालक राज कुमार उर्फ राज (निवासी रोहिणी) और उसके मुख्य साथी कासिम उर्फ सलमान (निवासी मालवीय नगर) को धर दबोचा।
पूछताछ में खुलासा हुआ कि कासिम उर्फ सलमान एक शातिर और आदतन अपराधी है, जिस पर पहले से जहरखुरानी और आर्म्स एक्ट के छह मामले दर्ज हैं। आरोपी अक्सर अकेले यात्रियों और मजदूरों को निशाना बनाते थे। बरामद मोबाइलों की जांच से यह भी पता चला कि ये आरोपी पश्चिम विहार ईस्ट और नारायण थाने में दर्ज जहरखुरानी की दो अन्य वारदातों में भी शामिल थे। पुलिस ने इनके पास से 9 हजार रुपये, दो मोबाइल और पीड़ित का बैग बरामद कर लिया है।
